मुख्य मंत्री योगी आदित्यनाथ ने श्रमिकों के लिए बड़ी खुश खबरी; 1 अप्रैल से श्रमिकों की मजदूरी- जानें किसको कितनी मजदूरी मिलेगी

मुख्य मंत्री योगी आदित्यनाथ ने श्रमिकों के लिए बड़ी खुश खबरी; 1 अप्रैल से श्रमिकों की मजदूरी में बढ़ोतरी - जानें किसको कितनी मजदूरी मिलेगी

Chief Minister Yogi Adityanath Announces Great News for Workers

Chief Minister Yogi Adityanath Announces Great News for Workers

  • नगर निगम व अन्य जिलों के लिए श्रमिकों के लिए अलग-अलग दरें तय
  • पहली अप्रैल से लागू होंगी बढ़ी दरें, जल्द वेज बोर्ड करेगा स्थायी निर्धारण

लखनऊ। Chief Minister Yogi Adityanath Announces Great News for Workers, प्रदेश में श्रमिकों को अब एक अप्रैल से बढ़ी हुई मजदूरी का लाभ मिलेगा। नई व्यवस्था में गाजियाबाद और गौतमबुद्धनगर के श्रमिकों को सबसे अधिक वेतन मिलेगा, जबकि अन्य नगर निगम वाले जिलों और शेष जिलों के लिए अलग-अलग दरें निर्धारित की गई हैं। औद्योगिक विकास आयुक्त दीपक कुमार की अध्यक्षता में गठित उच्च स्तरीय समिति ने प्रदेश के विभिन्न जिलों के लिए नई अंतरिम न्यूनतम मजदूरी दरें तय की हैं।

समिति के निर्णय के अनुसार, गाजियाबाद और गौतमबुद्धनगर में मजदूरी दरें सबसे ऊंची रखी गई हैं। यहां अकुशल श्रमिकों के लिए 13,690 रुपये, अर्द्धकुशल श्रमिकों के लिए 15,059 रुपये और कुशल श्रमिकों के लिए 16,868 रुपये मासिक वेतन तय किया गया है। इसके अलावा लखनऊ समेत अन्य नगर निगम वाले जिलों में अकुशल श्रमिकों के लिए 13,006 रुपये, अर्द्धकुशल के लिए 14,306 रुपये और कुशल श्रमिकों के लिए 16,025 रुपये निर्धारित किए गए हैं।

वहीं शेष जिलों में अकुशल श्रमिकों के लिए 12,356 रुपये, अर्द्धकुशल के लिए 13,591 रुपये और कुशल श्रमिकों के लिए 15,224 रुपये मासिक मजदूरी तय की गई है। नई दरों में अन्य नगर निगम वाले जिलों में लगभग 15 प्रतिशत और शेष जिलों में करीब 10 प्रतिशत तक बढ़ोतरी की गई है। हालांकि दरों के संतुलन के लिए कुछ श्रेणियों में लगभग पांच प्रतिशत तक समायोजन (कमी) भी की गई है।

गौरतलब है कि इससे पहले प्रदेश में सभी जिलों के लिए न्यूनतम मजदूरी एक समान थी। तब अकुशल श्रमिकों को 11,313 रुपये मासिक (435.14 रुपये प्रतिदिन), अर्द्धकुशल श्रमिकों को 12,445 रुपये मासिक (478.69 रुपये प्रतिदिन) और कुशल श्रमिकों को 13,940 रुपये मासिक (536.16 रुपये प्रतिदिन) मिलते थे। फिलहाल ये बढ़ी दरें अंतरिम रूप से लागू की गई हैं। जल्द ही एक वेज बोर्ड का गठन किया जाएगा, जो प्रदेश में न्यूनतम मजदूरी का स्थायी निर्धारण करेगा। नई दरों के लागू होने से लाखों श्रमिकों की आय में बढ़ोतरी होगी और उन्हें आर्थिक राहत मिलेगी।

एक अप्रैल से प्रभावी अंतरिम वेतन की दरें: (सभी आंकड़े रुपये में)

गौतमबुद्धनगर, गाजियाबाद के लिए दरें

श्रेणी - मूल मजदूरी- महंगाई भत्ता- कुल वेतनमान प्रतिमाह
अकुशल: 12,885 - 805- 13,690
अर्द्धकुशल: 14,173- 886- 15,059
कुशल:15,876-992- 16,868


लखनऊ समेत 16 नगर निगम वाले जिलों में वेतनमान

(अलीगढ़, आगरा, कानपुर, गोरखपुर, झांसी, बरेली, मेरठ, मुरादाबाद, लखनऊ, वाराणसी, सहारनपुर, फिरोजाबाद, मथुरा- वृंदावन, अयोध्या, शाहजहांपुर में की दरें)

श्रेणी - मूल मजदूरी- महंगाई भत्ता- कुल वेतनमान प्रतिमाह


अकुशल: 12,241- 765- 13,006
अर्द्धकुशल: 13,464- 842-14,306
कुशल: 15,082- 943- 16,025


शेष 57 जिलों में तय वेतनमान

श्रेणी - मूल मजदूरी- महंगाई भत्ता- कुल वेतनमान प्रतिमाह
अकुशल: 11,629- 727- 12,356
अर्द्धकुशल: 12,791- 799- 13,591
कुशल: 14,328- 896- 15,224

ईंट भट्टा उद्योग के श्रमिकों की मजदूरी

पथेरा (ईंट बनाने वाले मजदूर) को प्रति हजार ईंट पर 719 रुपये मिलेंगे।
भराई करने वाले मजदूरों को प्रति हजार ईंट पर 217 से 260 रुपये तक मजदूरी दी जाएगी।
वहीं, निकासी (ईंट निकालने) का काम करने वालों को प्रति हजार ईंट पर 217 रुपये मिलेंगे।